दिल्ली के लाल किला ब्लास्ट केस की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे उसके तार अलग-अलग राज्यों तक पहुंचते नजर आ रहे हैं. अब इस मामले की आंच हरियाणा के फरीदाबाद तक जा पहुंची है, जहां अल-फलाह यूनिवर्सिटी का नाम सामने आया है. जांच एजेंसियों ने इस यूनिवर्सिटी से जुड़े कुछ प्रोफेसरों को साजिश में आरोपी बनाया है, जिसके बाद से यह संस्थान अचानक सुर्खियों में आ गया है.
अल-फलाह यूनिवर्सिटी हरियाणा के फरीदाबाद जिले के धौज गांव में स्थित है. यह लगभग 70 एकड़ में फैली एक निजी विश्वविद्यालय है, जिसे अल-फलाह चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा संचालित किया जाता है. इसकी वेबसाइट के अनुसार, विश्वविद्यालय की कुलपति (VC) डॉ. भूपिंदर कौर आनंद हैं, जो पेशे से एमबीबीएस डॉक्टर हैं, जबकि प्रो. मोहम्मद परवेज रजिस्ट्रार के पद पर कार्यरत हैं.
यूनिवर्सिटी के अंतर्गत चलने वाले प्रमुख संस्थान
अल-फलाह यूनिवर्सिटी कई उच्च शिक्षा संस्थानों का केंद्र है. इसके अधीन कई स्कूल और विभाग संचालित होते हैं. यहां स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी, स्कूल ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च, स्कूल ऑफ एजुकेशन एंड ट्रेनिंग, स्कूल ऑफ पारा-मेडिकल एंड हेल्थ साइंसेज, स्कूल ऑफ मॉलिक्यूलर साइंस, स्कूल ऑफ कॉमर्स एंड मैनेजमेंट, स्कूल ऑफ ह्यूमैनिटीज एंड लैंग्वेजेज, स्कूल ऑफ कंप्यूटर साइंस और स्कूल ऑफ पॉलीटेक्निक शामिल हैं.
मेडिकल कॉलेज बना चर्चा का केंद्र
अल-फलाह यूनिवर्सिटी का मेडिकल विंग अल-फलाह स्कूल ऑफ मेडिकल साइंसेज एंड रिसर्च सेंटर इन दिनों जांच एजेंसियों के रडार पर है. शुरुआती जांच में तीन डॉक्टर डॉ. मुजम्मिल, डॉ. आदिल और डॉ. शाहीन को हिरासत में लिया गया है. ये तीनों इसी मेडिकल कॉलेज में एक साथ कार्यरत थे. यह कॉलेज विश्वविद्यालय के परिसर में ही स्थित है और अल-फलाह चैरिटेबल ट्रस्ट का हिस्सा है.
विश्वविद्यालय की मान्यता और इतिहास
अल-फलाह यूनिवर्सिटी को वर्ष 2014 में एक मान्यता प्राप्त निजी विश्वविद्यालय का दर्जा मिला था. वहीं, इसका मेडिकल कॉलेज 2019 से एमबीबीएस कोर्स चला रहा है. विश्वविद्यालय की कुलपति डॉ. भूपिंदर कौर आनंद मेडिकल कॉलेज की प्रिंसिपल और कॉलेज कमेटी की चेयरपर्सन भी हैं. कॉलेज के उपकुलपति (VC) डॉ. अनिल कुमार हैं और डीन एकेडमिक्स की जिम्मेदारी डॉ. मेहर सिंह पुनिया संभाल रहे हैं.
यहां होते हैं एमबीबीएस और एमडी कोर्स
इस मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस के साथ-साथ पोस्ट ग्रेजुएट (एमडी/एमएस) कोर्स भी चलाए जाते हैं. कॉलेज में एमडी मेडिसिन, एमएस सर्जरी, एमडी एनाटॉमी, एमडी एनेस्थीसियोलॉजी और एमडी पैथोलॉजी जैसे कोर्स संचालित हैं.
650 बेड वाला अस्पताल भी कॉलेज के साथ
कॉलेज के साथ एक आधुनिक अस्पताल भी चलता है, जिसमें करीब 650 बेड हैं. इस अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट प्रो. डॉ. लखीराम मुर्मू हैं. यहां मरीजों के लिए सीटी स्कैन, एमआरआई, ब्लड टेस्ट और अन्य डायग्नोस्टिक सुविधाएं मौजूद हैं. यह अस्पताल न केवल छात्रों के लिए प्रैक्टिकल ट्रेनिंग का केंद्र है, बल्कि आसपास के ग्रामीण इलाकों के लिए भी एक बड़ा हेल्थकेयर हब है.
यूनिवर्सिटी प्रशासन का बयान
ब्लास्ट मामले से जुड़े नाम सामने आने के बाद अल-फलाह यूनिवर्सिटी की कुलपति डॉ. भूपिंदर कौर आनंद ने एक बयान जारी किया. उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय के दो डॉक्टरों को जांच एजेंसियों ने पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है. लेकिन संस्थान का इन व्यक्तियों से उनके आधिकारिक कर्तव्यों के अलावा कोई संबंध नहीं है.
फिलहाल जांच जारी
NIA और हरियाणा पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि इन प्रोफेसरों का ब्लास्ट साजिश से सीधा या अप्रत्यक्ष संबंध था या नहीं. फिलहाल यूनिवर्सिटी प्रशासन ने जांच में पूरा सहयोग देने की बात कही है और कहा है कि शिक्षा और चिकित्सा संस्थान का इस तरह के किसी भी गैरकानूनी काम से कोई वास्ता नहीं है.
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