CBSE बोर्ड एग्जाम 2026 की संभावित डेटशीट जारी, 10वीं की परीक्षा होगी दो बार

CBSE Datesheet 2026: सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) ने 2026 की बोर्ड परीक्षाओं को लेकर बड़ा अपडेट दिया है. बोर्ड ने बुधवार को संभावित तिथियों की घोषणा कर दी है, जिसके अनुसार कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं 17 फरवरी 2026 से शुरू होकर 15 जुलाई 2026 तक चलेंगी.

CBSE Board Exam 2026 tentative datesheet released Class 10 exams to be held twice
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CBSE Datesheet 2026: सेंट्रल बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन (CBSE) ने 2026 की बोर्ड परीक्षाओं को लेकर बड़ा अपडेट दिया है. बोर्ड ने बुधवार को संभावित तिथियों की घोषणा कर दी है, जिसके अनुसार कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं 17 फरवरी 2026 से शुरू होकर 15 जुलाई 2026 तक चलेंगी. इस बार बोर्ड ने कक्षा 10वीं के छात्रों के लिए दो बार परीक्षा आयोजित करने का फैसला किया है, जो बोर्ड के इतिहास में पहली बार हो रहा है.

10वीं की बोर्ड परीक्षा होगी दो चरणों में

CBSE के परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज के अनुसार, शैक्षणिक सत्र 2025-26 में 10वीं बोर्ड परीक्षा दो चरणों में आयोजित की जाएगी:

पहला चरण: 17 फरवरी से 6 मार्च 2026

दूसरा चरण: 15 मई से 1 जून 2026

इस बदलाव का उद्देश्य छात्रों को बेहतर तैयारी और विकल्प देने के साथ-साथ बोर्ड की मूल्यांकन प्रणाली को अधिक लचीला बनाना है.

12वीं की परीक्षा भी तय समय पर, खेल कोटे के लिए विशेष व्यवस्था

12वीं की मुख्य परीक्षा: 17 फरवरी से 9 अप्रैल 2026 तक

इसके अलावा, बोर्ड ने बताया कि खेल कोटे के तहत आने वाले छात्रों, सेकेंड बोर्ड परीक्षार्थियों, और पूरक परीक्षा देने वाले छात्रों के लिए भी परीक्षा 17 फरवरी से 15 जुलाई 2026 के बीच कराई जाएगी.

देश-विदेश से 45 लाख छात्र होंगे शामिल

CBSE की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, दसवीं और बारहवीं कक्षा मिलाकर कुल 45 लाख छात्र परीक्षा में बैठेंगे. ये परीक्षार्थी भारत समेत 26 देशों से होंगे. परीक्षा कुल 204 विषयों में कराई जाएगी. साथ ही, प्रैक्टिकल एग्जाम, मूल्यांकन और परिणाम तैयार करने की प्रक्रिया भी सटीक समयसीमा में पूरी की जाएगी ताकि रिजल्ट्स में देरी न हो.

क्यों है ये बदलाव खास?

पहली बार 10वीं कक्षा के छात्रों को दो अवसर मिलेंगे, जिससे वे अपनी तैयारी के अनुरूप परीक्षा का चयन कर सकते हैं. इससे रिपीटर स्टूडेंट्स की संख्या में भी कमी आने की संभावना है. बोर्ड का कहना है कि यह कदम नई शिक्षा नीति (NEP 2020) के अनुरूप उठाया गया है, जिसमें लचीलापन और छात्र-केंद्रित मूल्यांकन प्रणाली पर ज़ोर दिया गया है.

बोर्ड ने क्या कहा?

CBSE के परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज ने कहा,"हम छात्रों को परीक्षा में बेहतर प्रदर्शन करने का अवसर देना चाहते हैं. पहली बार 10वीं की दो बोर्ड परीक्षाएं होंगी. इससे छात्रों पर दबाव कम होगा और तैयारी का समय भी ज्यादा मिलेगा."

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