जाति जनगणना को लेकर लंबे समय से चली आ रही बहस अब एक निर्णायक मोड़ पर आ गई है. मोदी सरकार ने जहां जनगणना में जातिगत आंकड़ों को शामिल करने की मंजूरी दी है. वहीं लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है. इसके साथ ही उन्होंने स्पष्ट कर दिया कि कांग्रेस केवल समर्थन तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि डिज़ाइन भी वही तैयार करेगी.
टाइमलाइन बताए सरकार - राहुल गांधी
राहुल गांधी ने दिल्ली स्थित कांग्रेस मुख्यालय में आज (बुधवार 30 अप्रैल) प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान इस मुद्दे को केंद्र में रखते हुए सरकार से सीधा सवाल किया कि इसका टाइमलाइन क्या है? उन्होंने कहा कि केवल ऐलान से बात नहीं बनेगी, जनता को यह जानने का अधिकार है कि जाति आधारित जनगणना कब और कैसे होगी.
राहुल ने की तेलंगाना मॉडल की तारीफ
राहुल गांधी ने तेलंगाना की जातिगत गणना को एक आदर्श मॉडल करार दिया और कहा कि कांग्रेस इसकी रूपरेखा को राष्ट्रीय स्तर पर लागू करने का सुझाव देती है. उन्होंने स्पष्ट किया कि बिहार मॉडल और तेलंगाना मॉडल में बुनियादी अंतर हैं, और एक बेहतर डिज़ाइन बनाने की जरूरत है जो विकास को सभी वर्गों तक पहुंचाए. राहुल गांधी ने कहा कि हम जातिगत आंकड़ों के आधार पर एक नया विकास मॉडल लाना चाहते हैं. हम सिर्फ संख्या नहीं गिनना चाहते, हम सत्ता और संसाधनों में ओबीसी, दलितों और आदिवासियों की हिस्सेदारी सुनिश्चित करना चाहते हैं.
पहलगाम हमले पर क्या बोले राहुल गांधी?
राहुल गांधी ने कहा कि मैं आज कानपुर गया. वहां पीड़ित परिवार से बात की. उसको बुरी तरह से मारा गया. मैं इस पर कमेंट नहीं करूंगा कि ये कैसे हुआ. मगर, जिन्होंने ये किया वो जहां भी हैं, उनको सख्त जवाब देना होगा. ताकि उन्हें याद रहे कि हिंदुस्तान के साथ ये नहीं किया जा सकता. पूरा विपक्ष सरकार को 100 फीसदी समर्थन दे रहा है और देगा. नरेंद्र मोदी को एक्शन लेना है. एकदम एक्शन लेना है. विपक्ष साथ खड़ा है. पीड़ित परिवार ने मेरे जरिये एक मैसेज दिया है. 28 शहीदों के माध्यम से मैं नरेंद्र मोदी को मेसेज दे रहा हूं. वो चाहते हैं कि उन्हें शहीदों का दर्जा दिया जाए.
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