अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर जो बाइडेन पर तीखा हमला बोला है, लेकिन इस बार उनका तरीका थोड़ा अलग और प्रतीकात्मक है. व्हाइट हाउस के वेस्ट विंग में बने 'प्रेसिडेंशियल वॉक ऑफ फेम' पर जो बाइडेन की जगह किसी पोर्ट्रेट की बजाय एक ऑटोपेन मशीन की तस्वीर लगाई गई है और यही बात अब चर्चा का विषय बन गई है.
व्हाइट हाउस के वॉकवे में अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपतियों की श्वेत-श्याम तस्वीरें लगी हैं, जो देश के लोकतांत्रिक इतिहास की झलक पेश करती हैं. यहां रिचर्ड निक्सन से लेकर बराक ओबामा तक सभी राष्ट्रपतियों को स्थान मिला है. लेकिन जब नजर जो बाइडेन के स्थान पर जाती है, तो वहां दिखाई देती है एक ऑटोपेन डिवाइस की तस्वीर, जिसने बहस छेड़ दी है.
क्या है ऑटोपेन और क्यों है विवाद?
ऑटोपेन एक स्वचालित इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस होता है, जो किसी व्यक्ति के हस्ताक्षर को डिजिटल पैटर्न से कॉपी कर दस्तावेज़ों पर लागू करता है. आमतौर पर इसका इस्तेमाल तब किया जाता है जब दस्तावेज़ों की संख्या बहुत अधिक हो और मैनुअल हस्ताक्षर संभव न हों. लेकिन ट्रंप का आरोप है कि जो बाइडेन ने अपनी मानसिक और शारीरिक अक्षमता छिपाने के लिए ऑटोपेन का गलत इस्तेमाल किया. उनका दावा है कि राष्ट्रपति के कार्यालय से हजारों क्षमादान आदेश (pardon orders) और अन्य संवेदनशील दस्तावेज़ बाइडेन की जानकारी के बिना सिर्फ ऑटोपेन के जरिए साइन कर दिए गए.
The Presidential Walk of Fame has arrived on the West Wing Colonnade
— Margo Martin (@MargoMartin47) September 24, 2025
Wait for it… 🖊️👀 pic.twitter.com/ApWfdxfFQa
4,000 से अधिक क्षमाएं, सिर्फ मशीन के हस्ताक्षर?
रिपोर्ट्स के मुताबिक बाइडेन के कार्यकाल के अंतिम महीनों में 4,000 से अधिक लोगों को क्षमादान या सज़ा में राहत दी गई, और इन आदेशों पर ऑटोपेन से साइन किए गए. ट्रंप ने जनवरी 2025 में इसे लेकर बयान दिया कि, "ये क्षमाएं बाइडेन द्वारा नहीं, एक मशीन द्वारा दी गईं. उन्हें इन फैसलों की जानकारी तक नहीं थी. यह राष्ट्रपति पद की गरिमा के साथ खिलवाड़ है."
बाइडेन की सफाई और कानूनी स्थिति
बाइडेन ने जुलाई 2025 में न्यूयॉर्क टाइम्स को दिए इंटरव्यू में स्पष्ट किया था कि उन्होंने सभी निर्णय स्वयं लिए थे, और ऑटोपेन का उपयोग सिर्फ दस्तावेजों पर हस्ताक्षर के लिए किया गया था. उन्होंने कहा, "मैंने हर क्षमादान पर व्यक्तिगत निर्णय लिया है. साइनिंग प्रक्रिया में तकनीक की मदद लेना गैरकानूनी नहीं है." कानूनी विशेषज्ञों का भी मानना है कि अमेरिकी कानून के तहत ऑटोपेन से हस्ताक्षरित कार्यकारी आदेश और क्षमादान पूरी तरह वैध हैं. दिलचस्प बात यह है कि डोनाल्ड ट्रंप के कार्यकाल में भी ऑटोपेन का उपयोग दस्तावेज़ों पर साइन करने के लिए किया गया था.
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