हांगकांग अग्निकांड; 70 सालों में सबसे बड़ी त्रासदी, 4600 लोगों के घर जलकर हुए राख; अब तक 83 की मौत

Hong Kong Fire: हांगकांग में 26 नवंबर को एक बहुमंजिला आवासीय परिसर में लगी आग ने अब तक एक भीषण तबाही मचाई है. राहत और बचाव कार्य लगातार जारी हैं, लेकिन आग पर अभी तक पूरी तरह से काबू नहीं पाया जा सका है.

Hong Kong building fire kills 83 280 missing 4,600 people displaced as homes are destroyed
Image Source: Social Media

Hong Kong Fire: हांगकांग में 26 नवंबर को एक बहुमंजिला आवासीय परिसर में लगी आग ने अब तक एक भीषण तबाही मचाई है. राहत और बचाव कार्य लगातार जारी हैं, लेकिन आग पर अभी तक पूरी तरह से काबू नहीं पाया जा सका है. इस घटना में अब तक 83 लोगों की जान जा चुकी है और 280 से अधिक लोग लापता हैं. हांगकांग के अधिकारियों ने इसे पिछले 70 वर्षों में सबसे बड़ी त्रासदी करार दिया है. आग ने न केवल कई जिंदगियों को लील लिया, बल्कि सैकड़ों परिवारों को अपने घरों से बेघर कर दिया. आइए, इस घटना के बारे में विस्तार से जानते हैं.

अग्निकांड की भयावहता: 83 मौतें, 280 लापता

गुरुवार, 28 नवंबर 2025 तक जारी बचाव कार्य में राहतकर्मियों ने मुश्किल हालातों के बावजूद कई लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला, लेकिन कई लोग अब भी इमारतों में फंसे हुए हैं. खबरों के मुताबिक, इस हादसे में 76 लोग घायल हुए हैं, जिनमें से 43 की हालत गंभीर बताई जा रही है. मृतकों में एक दमकलकर्मी भी शामिल है. हालांकि, राहतकर्मियों ने सात में से चार ब्लॉकों में आग पर काबू पा लिया है, लेकिन इमारतों की ऊपरी मंजिलों पर आग अब भी धधक रही है. बचाव कार्य जारी है और अधिकारियों ने इसे 70 वर्षों में हांगकांग की सबसे बड़ी आग की घटना बताया है.

आग की वजह और लापरवाही का आरोप

हालांकि आग लगने का सही कारण अभी तक सामने नहीं आया है, लेकिन हांगकांग पुलिस ने इस मामले में आपराधिक जांच शुरू कर दी है. प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, आग का कारण उस निर्माण कंपनी की लापरवाही हो सकती है, जिसने इमारतों की मरम्मत के दौरान ज्वलनशील मचान और फोम सामग्री का इस्तेमाल किया था. हांगकांग पुलिस ने इस सिलसिले में तीन लोगों को गिरफ्तार किया है, जो उस निर्माण कंपनी के अधिकारी हैं. अधिकारियों के अनुसार, इस दुर्घटना के लिए कंपनी के जिम्मेदार पक्षों की घोर लापरवाही है, जिसके कारण आग अनियंत्रित होकर तेजी से फैल गई और कई लोग हताहत हो गए.

4,600 लोगों का घर जलकर राख

वांग फुक कोर्ट परिसर, जो ताई पो जिले में स्थित है, 1983 में निर्मित हुआ था और इसमें आठ बहुमंजिला इमारतें हैं. इन इमारतों में कुल 1,984 फ्लैट हैं, जिनमें लगभग 4,600 लोग रहते हैं. आग ने इन इमारतों के अधिकांश हिस्से को खाक कर दिया है. घटना के बाद, प्रभावित निवासियों को अस्थायी आश्रय स्थलों में स्थानांतरित कर दिया गया है. हांगकांग सरकार ने राहत और पुनर्वास कार्य के लिए 30 करोड़ हांगकांग डॉलर (करीब 4.3 करोड़ अमेरिकी डॉलर) की सहायता राशि का ऐलान किया है, ताकि प्रभावित लोगों को जल्द से जल्द मदद मिल सके.

सरकारी राहत और मदद

घटनास्थल पर राहत और बचाव कार्य में जुटे अधिकारियों ने आग पर काबू पाने के लिए दिन-रात एक कर दिया है. इसके अलावा, हांगकांग सरकार ने प्रभावित परिवारों के लिए 30 करोड़ हांगकांग डॉलर की राहत राशि की घोषणा की है. अस्थायी आश्रय स्थलों में सैकड़ों विस्थापित निवासियों को स्थानांतरित किया गया है, जबकि बचाव दल फंसे हुए लोगों को बाहर निकालने के लिए कठिन परिस्थितियों में काम कर रहे हैं.

जिम्मेदारों पर होगी कार्रवाई?

हांगकांग पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और तीन लोगों को गिरफ्तार भी किया है. यह स्पष्ट रूप से एक बड़ी लापरवाही प्रतीत हो रही है, जिसमें निर्माण कार्य के दौरान सुरक्षा मानकों की अनदेखी की गई थी. अगर इस मामले में दोषी पाए जाते हैं, तो उन्हें सख्त सजा मिल सकती है, क्योंकि इस आग ने न केवल सैकड़ों लोगों की जान ली, बल्कि एक पूरे इलाके की जिंदगी को प्रभावित किया है.

ये भी पढ़ें: नेपाल का नया कांड, 100 रुपये के नोट पर इंडिया के क्षेत्रों का छापा, भारत ने दी कड़ी प्रतिक्रिया