राम मंदिर धर्म ध्वज स्थापना समारोह में अभेद्य सुरक्षा घेरा, ATS, NSG समेत 7 हजार सुरक्षाकर्मी तैनात

अयोध्या में राम मंदिर परिसर में होने वाले ऐतिहासिक धर्म ध्वज स्थापना समारोह के लिए अभूतपूर्व सुरक्षा इंतज़ाम किए गए हैं.

Impenetrable security cordon at Ram Mandir Ayodhya
प्रतिकात्मक तस्वीर/ ANI

अयोध्या में राम मंदिर परिसर में होने वाले ऐतिहासिक धर्म ध्वज स्थापना समारोह के लिए अभूतपूर्व सुरक्षा इंतज़ाम किए गए हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यक्रम में शामिल होने की पुष्टि के बाद उत्तर प्रदेश सरकार और केंद्रीय सुरक्षा एजेंसियों ने शहर को कड़े सुरक्षा कवच में ले लिया है.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर कुल 6970 से अधिक सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की गई है. ज़मीन से लेकर आसमान तक बहु-स्तरीय निगरानी रखने के लिए ATS, NSG स्नाइपर, एंटी-ड्रोन टेक्नोलॉजी, साइबर विशेषज्ञों और उन्नत इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस सिस्टम लगाए गए हैं.

वरिष्ठ अधिकारियों के नेतृत्व में सुरक्षा प्रबंधन

समारोह के दौरान सुरक्षा की कमान वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के हाथों में रहेगी. पूरे अयोध्या में कानून-व्यवस्था को स्थिर बनाए रखने, भीड़ नियंत्रण करने और संभावित खतरे पर तत्परता से प्रतिक्रिया देने के लिए सभी स्तरों के पुलिस अधिकारियों की तैनाती की गई है.

स्थान पर मौजूद सुरक्षा बलों का विवरण इस प्रकार है:

  • 14 एसपी
  • 30 एएसपी
  • 90 डीएसपी
  • 242 इंस्पेक्टर
  • 1060 सब-इंस्पेक्टर, जिनमें 80 महिला एसआई भी शामिल
  • 3090 पुरुष हेड कांस्टेबल
  • 448 महिला हेड कांस्टेबल
  • 5784 नागरिक पुलिस कर्मी

यातायात को सुचारू रखने के लिए:

  • 16 ट्रैफिक इंस्पेक्टर
  • 130 ट्रैफिक सब-इंस्पेक्टर
  • 820 ट्रैफिक पुलिसकर्मी

इन सभी को अयोध्या के मुख्य मार्गों, मंदिर परिसर, VIP रूट और भीड़ वाले क्षेत्रों में तैनात किया गया है.

स्पेशल सिक्योरिटी यूनिट्स की भारी मौजूदगी

प्रधानमंत्री की उपस्थिति के कारण सुरक्षा स्तर को “टॉप-ग्रेड” किया गया है. उच्च जोखिम को ध्यान में रखते हुए विशेष कमांडो इकाइयाँ तैनात की गई हैं:

  • ATS कमांडो की 2 टीमें
  • NSG स्नाइपर की 2 टीमें
  • 1 एंटी-ड्रोन यूनिट
  • 9 बीडीडीएस (बॉम्ब डिस्पोज़ल स्क्वॉड)
  • 15 स्पॉट-चेक टीमें
  • 4 फायर ब्रिगेड यूनिट
  • 12 पायलट-वाहन यूनिट

इसके अलावा सुरक्षा व्यवस्था में उपयोग हो रहे उपकरण:

  • 105 DFMD (डोर फ्रेम मेटल डिटेक्टर)
  • 380 HHMD (हैंड-हेल्ड मेटल डिटेक्टर)
  • वाहन-माउंटेड जैमर
  • माइंस डिटेक्शन टीम
  • एक्स-रे लगेज स्कैनर
  • हाई-फ्रीक्वेंसी पेट्रोलिंग वैन
  • एंबुलेंस और मेडिकल क्विक-रिस्पॉन्स टीमें
  • टेक्निकल यूनिट्स और कमांड कंट्रोल वैन

आसमान से लेकर जमीन तक हाई-टेक निगरानी

अयोध्या शहर और मंदिर परिसर को आधुनिक तकनीक की सहायता से रियल-टाइम मॉनिटरिंग के दायरे में रखा गया है. कहीं भी कोई संदिग्ध गतिविधि नज़र आने पर तुरंत कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए बहु-स्तरीय निगरानी प्रणाली लागू की गई है.

सुरक्षा व्यवस्था में शामिल हैं:

  • 1 उन्नत एंटी-ड्रोन सिस्टम
  • 2 ATS तकनीकी टीमें
  • लगभग 90 तकनीकी विशेषज्ञ
  • 4 साइबर कमांडो
  • ड्रोन कैमरा द्वारा निरंतर हवाई निगरानी
  • संवेदनशील स्थानों पर इलेक्ट्रॉनिक विजिलेंस
  • हाई ग्राउंड प्वाइंट्स से मानिटरिंग

धर्म ध्वज स्थापना समारोह के अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना को देखते हुए विस्तृत भीड़ व्यवस्था की गई है.

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