श्रीलंका की बाढ़ में फंसा था पाकिस्तानी नागरिक, भारतीय वायुसेना ने 'ऑपेरशन सागर बंधु' में बचाई जान

भारतीय वायुसेना ने श्रीलंका में चक्रवात दितवाह के कारण उत्पन्न भारी बाढ़ और भूस्खलन की परिस्थितियों में एक बहुआयामी राहत और बचाव अभियान संचालित किया.

Indian Air Force saved the life of Pakistani citizen
प्रतिकात्मक तस्वीर/ ANI

नई दिल्ली/कोलंबो: भारतीय वायुसेना ने श्रीलंका में चक्रवात दितवाह के कारण उत्पन्न भारी बाढ़ और भूस्खलन की परिस्थितियों में एक बहुआयामी राहत और बचाव अभियान संचालित किया. इस अभियान के दौरान न केवल श्रीलंकाई नागरिकों बल्कि कई देशों के विदेशी नागरिकों को भी सुरक्षित निकाला गया, जिनमें एक पाकिस्तानी नागरिक भी शामिल था. इस मिशन में जर्मनी, साउथ अफ्रीका, स्लोवेनिया और यूनाइटेड किंगडम के नागरिक भी शामिल थे.

इस बड़े पैमाने पर संचालित ऑपरेशन का नाम रखा गया है “सागर बंधु”. भारतीय वायुसेना ने इस अभियान में अपने एमआई-17 हेलीकॉप्टर और अन्य एयरलिफ्ट क्षमताओं का उपयोग करते हुए कठिन और दुर्गम इलाके से लोगों को सुरक्षित निकाला.

हेलीकॉप्टर मिशन: जोखिम और पराक्रम

वायुसेना के मुताबिक, कोटमाले क्षेत्र में भारी बारिश और भूस्खलन के कारण कई लोग फंसे हुए थे. यह क्षेत्र भौगोलिक दृष्टि से कठिन और असुरक्षित माना जाता है. ऐसे में भारतीय वायुसेना ने हाइब्रिड रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया.

मिशन की प्रमुख विशेषताएँ:

  • गरुड़ कमांडो की भूमिका: हेलीकॉप्टर से विन्च की मदद से हेलीकॉप्टर कमांडो को नीचे उतारा गया.
  • दुर्गम इलाके से बचाव: कमांडो ने फंसे हुए लोगों को सुरक्षित निकाला और हेलिपैड तक ले गया.
  • कुल 24 यात्रियों का रेस्क्यू: इसमें भारतीय, विदेशी और श्रीलंकाई नागरिक शामिल थे.

इस ऑपरेशन की सफलता ने दिखा दिया कि भारतीय वायुसेना कठिन परिस्थितियों में भी दक्षता और तत्परता से कार्य कर सकती है.

एयरलिफ्ट और चिकित्सा सहायता

भारतीय वायुसेना ने बचाए गए लोगों को कोलंबो तक एयरलिफ्ट किया. साथ ही, गंभीर रूप से घायल तीन व्यक्तियों को तत्काल चिकित्सा सहायता के लिए एयरलिफ्ट किया गया.

राहत कार्यों को सफल बनाने के लिए श्रीलंकाई सेना की पांच टीमें भी मौके पर तैनात की गईं. कुल 40 श्रीलंकाई सैनिकों को डायतालावा आर्मी कैंप से एयरलिफ्ट कर भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र में भेजा गया.

राहत सामग्री और पोर्टेबल अस्पताल

भारतीय वायुसेना का सी-130 जे विमान राहत सामग्री लेकर कोलंबो पहुंचा. इस विमान में शामिल सामग्री:

  • एनडीआरएफ की राहत सामग्री
  • चार पोर्टेबल ‘भीष्म’ आरोग्य मैत्री अस्पताल क्यूब
  • वायुसेना की 5 मेडिकल टीम
  • अन्य आवश्यक चिकित्सा और राहत सामग्री

वायुसेना की यह तैयारी सुनिश्चित करती है कि केवल बचाव ही नहीं बल्कि प्रभावितों को तत्काल स्वास्थ्य सहायता भी उपलब्ध हो.

भारतीय नागरिकों की सुरक्षित वापसी

इस मिशन में राहत सामग्री और बचाव कार्य के साथ-साथ, श्रीलंका में फंसे भारतीय नागरिकों को सुरक्षित भारत लाने की व्यवस्था भी की गई है. सी-130 जे विमान राहत सामग्री छोड़ने के बाद भारतीय नागरिकों को लेकर वापस लौटेगा.

इस कदम से यह स्पष्ट हो गया है कि भारतीय वायुसेना अंतरराष्ट्रीय आपदा राहत कार्यों में न केवल सक्रिय है, बल्कि भारी तकनीकी और मानव संसाधन क्षमता के साथ कार्य कर सकती है.

ये भी पढ़ें- अब समंदर में राज करेगी भारतीय नौसेना! जल्द मिलने वाला है अनमैन्ड बोट 'मातंगी', जानें ताकत और खासियत