Jaisalmer Bus Fire: राजस्थान के जैसलमेर में 14 अक्टूबर को हुए भीषण बस हादसे ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया था. इस हादसे में अब तक 26 लोगों की मौत हो चुकी है जबकि 9 गंभीर रूप से घायल यात्रियों का इलाज जोधपुर के अस्पतालों में चल रहा है. अब सामने आई FSL की रिपोर्ट में इस हादसे के पीछे की वजह का खुलासा हुआ है.
शॉर्ट सर्किट से भभकी आग
FSL की जांच में पाया गया कि बस में लगी आग की मुख्य वजह एसी की वायरिंग में शॉर्ट सर्किट थी. बस की छत पर लगे एसी के जरिए ही आग पूरे वाहन में फैल गई. रिपोर्ट में यह भी सामने आया कि एसी की वायरिंग इंजन से जुड़ी हुई थी, जिससे आग की शुरुआत हुई. हादसे के समय बस में धुआं और कार्बन मोनोऑक्साइड भर गई थी, जिससे यात्रियों का दम घुटने लगा. कई यात्रियों ने अपनी जान बचाने के लिए बस की खिड़कियों के कांच तोड़कर भागने की कोशिश की.
बॉडी निर्माण में लापरवाही
FSL रिपोर्ट में यह भी स्पष्ट किया गया है कि बस के नीचे का हिस्सा सुरक्षित था—टायर और डीजल टैंक पूरी तरह सुरक्षित मिले. बस की डिग्गी में रखे पटाखे भी पानी से भीगे हुए थे. इसका मतलब साफ है कि आग बस के ऊपरी हिस्से और एसी वायरिंग की वजह से फैली, न कि नीचे से. जैसलमेर के एसपी अभिषेक शिवहरे ने कहा कि बस की बनावट में कई सुरक्षा नियमों का उल्लंघन किया गया था और बड़े स्तर की लापरवाही बरती गई थी.
हादसे के तुरंत बाद बस के मालिक, ड्राइवर और बॉडी मेकर को गिरफ्तार किया गया था. स्थानीय दमकलकर्मी और पुलिस प्रशासन ने मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया और यात्रियों को अस्पताल पहुंचाया.
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