South Africa Shootout: दक्षिण अफ्रीका की राजधानी प्रिटोरिया के सॉल्सविल टाउनशिप में शनिवार सुबह एक ऐसी दिल दहला देने वाली घटना हुई जिसने पूरे देश को झकझोर दिया. पुलिस के अनुसार एक हॉस्टल परिसर में तीन सशस्त्र हमलावर घुसे और वहां मौजूद लोगों पर अंधाधुंध गोलियां चला दीं. इस हमले में 11 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हुए. मृतकों में छोटे बच्चों से लेकर किशोर तक शामिल हैं और अस्पताल में भर्ती घायलों की हालत अब भी नाजुक बताई जा रही है.
इस नरसंहार की शुरुआत शनिवार तड़के करीब साढ़े चार बजे हुई. प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक तीन लोग हथियार लिए सीधे हॉस्टल के आंगन में पहुंचे जहां कुछ पुरुष शराब पी रहे थे और आपस में बातचीत कर रहे थे. हमलावरों ने न कोई बात की, न कोई धमकी दी. वे अचानक गोलियों की बौछार करने लगे, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई. पुलिस प्रवक्ता अथलेन्डा माथे ने बताया कि दस पीड़ितों की मौत मौके पर ही हो गई, जबकि ग्यारहवें व्यक्ति ने इलाज के दौरान अस्पताल में दम तोड़ दिया. हमलवार गोलियां बरसाते हुए घटना स्थल से फरार हो गए और उनकी तलाश तेज कर दी गई है.
मृतकों में मासूम बच्चे भी शामिल, घायलों की हालत गंभीर
हमले के बाद सामने आए विवरण और भी भयावह तस्वीर पेश करते हैं. पुलिस के अनुसार जिन 11 लोगों की जान गई उनमें एक तीन वर्षीय बच्चा, बारह साल का एक लड़का और सोलह वर्ष की एक लड़की भी शामिल हैं. इतने कम उम्र के बच्चों का इस तरह की हिंसा में मारे जाना स्थानीय समुदाय के लिए गहरा सदमा है.
वहीं 14 अन्य लोगों को गंभीर चोटें आई हैं और उन्हें तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया. डॉक्टरों के अनुसार कई घायलों की जिंदगी अब भी खतरे में है और उनकी हालत स्थिर करने के प्रयास लगातार जारी हैं.
अवैध शराब बिक्री और हिंसा के बीच गहरा रिश्ता
दक्षिण अफ्रीका में अवैध शराब कारोबार और उससे जुड़े आपराधिक गिरोहों की गतिविधियां लंबे समय से चिंता का विषय रही हैं. पुलिस का कहना है कि सॉल्सविल में हुई यह घटना भी इन्हीं अवैध शराब ठेकों, जिन्हें स्थानीय तौर पर ‘शीबीन’ कहा जाता है, से जुड़ी हुई प्रतीत होती है. इन जगहों पर न लाइसेंस होता है, न कोई नियंत्रण, और अक्सर ये स्थान गैंगवार, गैरकानूनी गतिविधियों और हिंसा के केंद्र बन जाते हैं.
पुलिस अधिकारी अथलेन्डा माथे के अनुसार शीबीन चलाने वाले समूहों के बीच आपसी रंजिशें अक्सर खतरनाक टकराव का रूप ले लेती हैं, जिसके कारण आम नागरिकों की जान खतरे में पड़ जाती है. उन्होंने यह भी कहा कि इस तरह की जगहें कानून व्यवस्था के लिए लंबे समय से चुनौती रही हैं और इन्हें नियंत्रित करने के लिए सख्त कदम उठाने की आवश्यकता है.
स्थानीय लोगों में भय और आक्रोश, सरकार पर बढ़ा दबाव
इस घटना के बाद सॉल्सविल और आसपास के क्षेत्रों में लोगों में गहरा आक्रोश है. स्थानीय निवासियों का कहना है कि अवैध शराब कारोबार की शिकायतें लगातार पुलिस तक पहुंचाई गई थीं, लेकिन पर्याप्त कार्रवाई न होने से अपराधी हौसले बुलंद होते गए. बच्चों की मौत ने इस गुस्से को और बढ़ा दिया है और अब लोग सरकार से शीबीन पर कड़ी कार्रवाई और बेहतर पुलिसिंग की मांग कर रहे हैं.
हत्यारों की तलाश जारी, जांच में गैंगवार की आशंका
पुलिस ने घटनास्थल की फोरेंसिक जांच शुरू कर दी है और हमलावरों की पहचान के लिए सीसीटीवी फुटेज, स्थानीय सूत्रों और तकनीकी सबूतों की सहायता ली जा रही है. प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि यह हमला किसी गैंगवार या अवैध शराब कारोबार से जुड़े विवाद का नतीजा हो सकता है.
पुलिस ने कहा है कि चाहे अपराधियों के मकसद कुछ भी हों, इतने बड़े पैमाने पर निर्दोष लोगों की हत्या किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और अपराधियों को जल्द पकड़ने के लिए टीमें हर संभव दिशा में काम कर रही हैं.
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