इस्लामाबाद/क्वेटा: पाकिस्तान के सिंध और बलूचिस्तान प्रांतों के बीच सफर कर रही जाफर एक्सप्रेस ट्रेन एक बार फिर बम धमाके की चपेट में आ गई. यह घटना उस समय हुई जब ट्रेन सिंध के सुल्तान कोट स्टेशन के पास से गुजर रही थी. रेल की पटरी पर पहले से लगाए गए इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (IED) में जबरदस्त विस्फोट हुआ, जिससे ट्रेन के कई डिब्बे पटरी से उतर गए और घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई.
हादसे में कई यात्रियों के घायल होने की पुष्टि की गई है, जबकि मौके पर मौजूद लोगों का कहना है कि विस्फोट के तुरंत बाद फायरिंग की आवाजें भी सुनाई दी गईं. घटना के बाद राहत और बचाव दल तुरंत मौके पर पहुंचे और घायलों को इलाज के लिए नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया.
धमाके के कारण यात्रियों में भगदड़ मच गई
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह विस्फोट एक पूर्व नियोजित आतंकी हमला माना जा रहा है. स्थानीय सुरक्षा एजेंसियों ने बताया कि IED को रेल पटरी पर पहले से बिछाया गया था और जैसे ही ट्रेन वहां पहुंची, जोरदार धमाका हुआ. धमाके के कारण कम से कम 5 डिब्बे पटरी से उतर गए, जिससे यात्रियों में भगदड़ मच गई.
Additional footage of attack on #JaffarExpress:
— Mahalaxmi Ramanathan (@MahalaxmiRaman) October 7, 2025
📍#SultanKot area of #Shikarpur district, #Sindh
4x passengers injured in the blast & firing.#Baloch Republican Guards have claimed responsibility for the attack #Balochistan @SherBah46958042 pic.twitter.com/deuwdsZe5Q
सुरक्षा बलों और पाकिस्तानी रेलवे विभाग ने घटनास्थल पर पहुंचकर पूरे इलाके को घेर लिया है. विशेषज्ञों की टीम यह जांच कर रही है कि विस्फोटक कैसे और कहां से लाया गया और इसे किस प्रकार रेल ट्रैक पर प्लांट किया गया.
जाफर एक्सप्रेस: बार-बार हमलों का निशाना
जाफर एक्सप्रेस पर यह कोई पहला हमला नहीं है. यह ट्रेन पिछले कई वर्षों से बलूच विद्रोही समूहों, विशेषकर बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) और अन्य संगठनों का प्रमुख निशाना बनी रही है.
अगस्त 2025: इसी ट्रेन पर बलूचिस्तान के मस्तुंग जिले में IED धमाका हुआ था. उस समय 6 डिब्बों को नुकसान पहुंचा था और कुछ यात्री घायल हुए थे.
मार्च 2025: बलोच लिबरेशन आर्मी ने बोलन पास के पास जाफर एक्सप्रेस को हाईजैक कर लिया था. उस समय ट्रेन में करीब 400 यात्री सवार थे. इस हमले में रेल ट्रैक को विस्फोट से उड़ाया गया था और ट्रेन पर खुलेआम फायरिंग की गई थी. कई यात्रियों और सुरक्षा कर्मियों की जान चली गई थी, जिससे यह घटना पाकिस्तान के रेलवे इतिहास की सबसे भयावह घटनाओं में से एक बन गई.
बलूचिस्तान: अशांत क्षेत्र और विद्रोह की जमीन
बलूचिस्तान पाकिस्तान का सबसे बड़ा प्रांत है, लेकिन यह लंबे समय से सुरक्षा और राजनीतिक अस्थिरता का केंद्र बना हुआ है. यहां की स्थानीय आबादी केंद्र सरकार पर शोषण और उपेक्षा के आरोप लगाती है. खासकर खनिज संपदा और प्राकृतिक संसाधनों के दोहन को लेकर लोगों में असंतोष है.
विद्रोही गुट अक्सर सरकारी प्रतिष्ठानों, रेलमार्गों, सड़कों, गैस पाइपलाइनों और सुरक्षाबलों को निशाना बनाते हैं. जाफर एक्सप्रेस जो कि बलूचिस्तान और सिंध को जोड़ने वाली एक मुख्य यात्री रेल सेवा है, बार-बार इस टकराव की चपेट में आती रही है.
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