Pakistan Gang kidnap Indian: हर परिवार चाहता है कि उसकी ज़िन्दगी सुकून और आराम से गुज़रे, लेकिन पंजाब के धरमिंदर सिंह के लिए यह सपना एक भयानक हादसे में बदल गया. बेहतर जीवन की तलाश में अपने पूरे परिवार के साथ कनाडा जाने के इरादे से निकले धरमिंदर और उनके परिवार ने एक एजेंट के भरोसे ईरान होते हुए कनाडा जाने का रास्ता चुना. परंतु यह यात्रा उनके लिए दर्दनाक संघर्ष बन गई.
पाकिस्तानी गैंग ने किया अपहरण
धरमिंदर सिंह के परिवार को उम्मीद थी कि ईरान से आगे की यात्रा आसान होगी, लेकिन उन्हें कोलकाता से दुबई होते हुए तेहरान पहुंचते ही एक पाकिस्तानी गैंग ने अगवा कर लिया. गैंग ने धरमिंदर और उनके बेटे को बंधक बनाकर भारी फिरौती की मांग की. परिवार को बुरी तरह पीटा गया, सुइयों से चोट पहुंचाई गई और मानसिक-शारीरिक यातनाएं दी गईं. पत्नी संदीप कौर ने बताया कि वह पति को अकेले छोड़कर नहीं जा सकती थीं, इस दर्दनाक अनुभव ने पूरे परिवार को तोड़ कर रख दिया.
पंजाब में जुटाए गए लाखों और भारतीय दूतावास की मदद
धरमिंदर के भाई परमजीत ने पंजाब में रिश्तेदारों से करीब 80 लाख रुपये और गहने जुटाए और फिरौती के लिए गैंग को सौंपे. इस बीच भारतीय दूतावास और सांसद मलविंदर सिंह कांग के प्रयासों से परिवार को सुरक्षा मिली. विदेश मंत्री एस. जयशंकर के भी हस्तक्षेप के बाद 5 अक्टूबर को धरमिंदर सिंह, उनकी पत्नी और बेटे को सुरक्षित भारत लाया गया. गांव लौटने पर परिवार का जोरदार स्वागत हुआ.
परिवार की न्याय की गुहार
धरमिंदर सिंह ने कहा कि जिंदा लौटना बड़ी राहत है, लेकिन एजेंटों और अपहरणकर्ताओं को सजा दिए बिना यह दुःस्वप्न खत्म नहीं होगा. परिवार अब पंजाब के एजेंट के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के लिए तैयार है. सांसद मलविंदर सिंह कांग ने भी चेतावनी दी है कि हर साल सैकड़ों परिवार ऐसे झांसे में फंसकर बर्बाद हो रहे हैं, इसलिए ऐसे एजेंटों पर कड़ी कार्रवाई बेहद जरूरी है.
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