'हम स्विंग गेंद को भी सीधे बल्ले से खेलेंगे...' ब्रिटेन में डिप्लोमेसी की पिच पर पीएम मोदी का सिक्सर

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने दो दिवसीय ब्रिटेन दौरे के दौरान लंदन में जब कूटनीति की पिच पर कदम रखा, तो उन्होंने महज़ बातचीत नहीं की—बल्कि एक ज़ोरदार 'सिक्सर' मारा.

PM Modi sixer on the pitch of diplomacy in Britain
प्रतिकात्मक तस्वीर/ ANI

लंदन: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने दो दिवसीय ब्रिटेन दौरे के दौरान लंदन में जब कूटनीति की पिच पर कदम रखा, तो उन्होंने महज़ बातचीत नहीं की—बल्कि एक ज़ोरदार 'सिक्सर' मारा. ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर से मुलाक़ात के बाद उन्होंने भारत-ब्रिटेन मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को ऐतिहासिक करार दिया और इसे साझा समृद्धि की नई नींव बताया.

यह समझौता सिर्फ आर्थिक लेन-देन नहीं है, बल्कि दोनों देशों के उद्योगों, खासकर भारतीय टेक्सटाइल, फुटवियर, रत्न-आभूषण, मछली उद्योग और MSMEs के लिए यूके बाज़ार के दरवाज़े और अधिक खोल देगा. वहीं, यूके में बने मेडिकल और एयरोस्पेस उत्पाद भारत में कम कीमतों पर उपलब्ध हो सकेंगे, जिससे आम भारतीय को भी इसका सीधा लाभ मिलेगा.

Vision 2035: साझेदारी का नया ब्लूप्रिंट

पीएम मोदी ने कहा कि ‘Comprehensive Strategic Partnership’ को मजबूती देने के लिए Vision 2035 पेश किया गया है. इसके ज़रिए दोनों देश तकनीक, डिफेंस, क्लाइमेट, शिक्षा और जन-संपर्क के क्षेत्रों में आपसी सहयोग को नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगे.

क्रिकेट की पिच पर डिप्लोमेसी का शॉट

अपने भाषण के अंत में पीएम मोदी ने भारत-इंग्लैंड टेस्ट सीरीज़ का ज़िक्र करते हुए एक दिलचस्प रूपक गढ़ा, "जब भारत और यूके मिलते हैं, और वह भी टेस्ट सीरीज़ के बीच, तो क्रिकेट की बात तो बनती है. कभी-कभी स्विंग मिस हो सकती है, लेकिन हम सीधे बल्ले से ही खेलते हैं. हमारी साझेदारी एक हाई-स्कोरिंग, दीर्घकालिक इनिंग्स की तरह है."

आतंकवाद पर स्पष्ट: दोहरे मापदंड नहीं चलेंगे

जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकी हमले पर पीएम मोदी ने कड़ा रुख अपनाते हुए ब्रिटिश पीएम की निंदा के प्रति आभार जताया और दोहराया कि "आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में दोहरा रवैया नहीं चलेगा. लोकतांत्रिक स्वतंत्रता का दुरुपयोग करने वालों को जवाबदेह ठहराया जाना ज़रूरी है."

रूस-यूक्रेन संकट पर शांति की पैरवी

यूक्रेन युद्ध और पश्चिम एशिया की अस्थिरता के संदर्भ में पीएम मोदी ने स्पष्ट कहा, “हर देश की क्षेत्रीय अखंडता का सम्मान जरूरी है. आज की दुनिया को विस्तारवाद नहीं, विकासवाद चाहिए.”

अहमदाबाद हादसे का ज़िक्र

उन्होंने जून में अहमदाबाद प्लेन क्रैश में मारे गए ब्रिटिश नागरिकों की याद करते हुए शोक जताया. इसके साथ ही, भारत-ब्रिटेन रिश्तों में भारतीय मूल के लोगों की भूमिका को सराहा, जो न केवल व्यापार में बल्कि ब्रिटेन की संस्कृति, खेल और सार्वजनिक सेवाओं में भी सक्रिय योगदान दे रहे हैं.

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