देशभर में बढ़ती आवारा कुत्तों की घटनाओं पर सुप्रीम कोर्ट ने एक बार फिर सख्त रुख अपनाया है. शुक्रवार, 7 नवंबर 2025 को शीर्ष अदालत ने तीन अहम आदेश जारी करते हुए राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सड़कों और सार्वजनिक स्थानों से आवारा पशुओं को हटाया जाए और उन्हें शेल्टर होम (आश्रय स्थल) में रखा जाए. कोर्ट ने यह भी कहा कि राज्यों को अब अपनी जिम्मेदारी से पीछे नहीं हटना चाहिए, क्योंकि यह जन सुरक्षा और सार्वजनिक स्वास्थ्य दोनों से जुड़ा हुआ मामला है.