हाल ही में इजरायल और ईरान के बीच छिड़े 12 दिनों के सैन्य टकराव ने पूरी दुनिया की निगाहें पश्चिम एशिया पर टिका दीं. इजरायल ने पहले हमला तो किया, लेकिन जवाब में ईरान की मिसाइलों की बारिश ने उसकी रणनीति की पोल खोल दी. जब ईरान ने अपनी बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला तेज किया, तो इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के लिए हालात संभालना मुश्किल हो गया. ऐसे में उन्होंने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से मदद की गुहार लगाई.
ट्रंप ने बिना देर किए अमेरिका के सबसे उन्नत THAAD (Terminal High Altitude Area Defense) सिस्टम को सक्रिय कर दिया. इस हाई-टेक एयर डिफेंस तकनीक ने खामेनेई की मिसाइलों को हवा में ही ध्वस्त कर दिया और इजरायल को बड़े नुकसान से बचा लिया. इस अभियान में अमेरिका ने 12 दिन के भीतर करीब 800 मिलियन डॉलर (लगभग 6800 करोड़ रुपये) की लागत झोंक दी. अब सवाल उठता है – आखिर THAAD है क्या और यह इतना प्रभावशाली कैसे है?
क्या है THAAD?
THAAD यानी Terminal High Altitude Area Defense एक एडवांस्ड एंटी-बैलिस्टिक मिसाइल सिस्टम है, जिसे अमेरिकी सेना ने लंबी दूरी से आने वाली बैलिस्टिक मिसाइलों को बीच रास्ते में ही नष्ट करने के लिए विकसित किया है. इसकी खास बात यह है कि यह मिसाइल को टारगेट पर पहुंचने से पहले ही ऊंचाई पर हवा में मार गिरा देता है. यह सिस्टम अमेरिका की मल्टी-लेयर एयर डिफेंस स्ट्रैटेजी का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो Aegis और Patriot मिसाइल सिस्टम्स के साथ मिलकर काम करता है. इसका उद्देश्य है– दुश्मन की मिसाइलों को किसी भी हाल में ज़मीन तक नहीं पहुंचने देना.
THAAD की प्रमुख खूबियां
AN/TPY-2 रडार सिस्टम: यह हाई पावर रडार दुश्मन की मिसाइलों को बहुत पहले ट्रैक कर लेता है.
लॉन्चर और इंटरसेप्टर मिसाइलें: THAAD के पास अपने खुद के मोबाइल लॉन्चर और इंटरसेप्टर मिसाइलें होती हैं जो लक्ष्य को हवा में भेद देती हैं.
फायर कंट्रोल सिस्टम: यह सिस्टम पूरे ऑपरेशन को कंट्रोल करता है और मिसाइल को सही दिशा में निर्देशित करता है.
150 किमी तक की प्रभावशाली रेंज: THAAD लगभग 150 किलोमीटर की रेंज में आने वाली बैलिस्टिक मिसाइलों को मार गिराने में सक्षम है. हाइपरसोनिक टारगेट्स को मार गिराने की क्षमता: अमेरिका का दावा है कि THAAD इतनी तेज गति से आने वाली हाइपरसोनिक मिसाइलों को भी रोक सकता है, जो कि भविष्य के युद्धों में बहुत अहम भूमिका निभाएगा.
कहां-कहां तैनात है THAAD?
अमेरिका ने THAAD सिस्टम को उन देशों में तैनात किया है जहां सुरक्षा को लेकर खतरे अधिक हैं.
इजरायल: ईरान की ओर से संभावित मिसाइल हमलों के मद्देनज़र
दक्षिण कोरिया: नॉर्थ कोरिया के मिसाइल टेस्ट और हमलों के डर से इन जगहों पर THAAD अमेरिका के रक्षा गठबंधन का हिस्सा बन चुका है और मित्र देशों को दुश्मनों के मिसाइल अटैक से बचा रहा है.
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