भारत के लिए UAE से आई खुशखबरी, संयुक्त अरब अमीरात ने वादा किया पूरा; 900 से अधिक भारतीय नागरिकों को राहत

India UAE Relations: संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और भारत के बीच मजबूत रिश्तों की मिसाल एक बार फिर देखने को मिली है. हाल ही में यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान (MBZ) का दिल्ली दौरा चर्चा का केंद्र बना.

UAE fulfills promise to India  Relief to more than 900 Indian citizens
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India UAE Relations: संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और भारत के बीच मजबूत रिश्तों की मिसाल एक बार फिर देखने को मिली है. हाल ही में यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान (MBZ) का दिल्ली दौरा चर्चा का केंद्र बना. राष्ट्रपति MBZ तीन घंटे तक प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ मुलाकात में बैठे और दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूती देने के साथ-साथ ऊर्जा, डिफेंस और सेमीकंडक्टर जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विस्तार से चर्चा की.

MBZ का यह दौरा केवल औपचारिकता भर नहीं था, बल्कि इसके जरिए भारत और UAE के रिश्तों की स्थिरता और सामरिक महत्व का संदेश पूरे विश्व को दिया गया. मुलाकात के तुरंत बाद, दुनिया भर में यह संदेश फैल गया कि भारत और UAE आपसी सहयोग और विश्वास के स्तर पर कितने मजबूत हैं.

900 से अधिक भारतीय नागरिकों की रिहाई

MBZ के दौरे के बाद एक खुशखबरी सामने आई. अबू धाबी में स्थित भारतीय दूतावास को सूचना मिली है कि यूएई की जेलों से 900 से अधिक भारतीय नागरिकों को रिहा किया जाएगा. दूतावास को इन कैदियों की पूरी सूची भी सौंप दी गई है.

इस फैसले को इंसानियत के आधार पर लिया गया है और इसे UAE के राष्ट्रीय दिवस (ईद अल एतिहाद) के अवसर से पहले लागू किया गया. राष्ट्रीय दिवस 2 दिसंबर को मनाया जाता है, जो 1971 में सात अमीरात के एक होकर UAE बनने की याद दिलाता है. इस दिन UAE के राष्ट्रपति ने पूरे देश की जेलों से कई कैदियों को रिहा करने का निर्देश जारी किया, और इसके तहत भारतीय नागरिकों को भी राहत मिलेगी.

दीर्घकालिक बातचीत के बाद हासिल सफलता

सूत्रों के अनुसार, यह रिहाई केवल अचानक लिया गया निर्णय नहीं है. दिल्ली और अबू धाबी के बीच लंबे समय से इस विषय पर बातचीत चल रही थी. राष्ट्रपति MBZ के दौरे के तुरंत बाद इस पर फौरन कार्रवाई की गई.

PM मोदी और MBZ के बीच हुई तीन घंटे लंबी गहन और गोपनीय बैठक में दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय सहयोग को नई दिशा देने के साथ-साथ ऊर्जा सुरक्षा, रक्षा साझेदारी और सेमीकंडक्टर उत्पादन जैसी रणनीतिक क्षेत्रों में समझौतों पर भी चर्चा की.

पाकिस्तान के लिए संदेश

इस दौरे और रिहाई की प्रक्रिया का भूराजनीतिक महत्व भी है. रिपोर्ट्स के मुताबिक, पाकिस्तान कोशिश कर रहा है कि इस्लामिक देशों को इकट्ठा करके एक तरह का “अपना NATO” बनाए, लेकिन UAE ने साफ संदेश दिया कि भारत उसके लिए अत्यंत अहम और भरोसेमंद पार्टनर है. यह कदम न केवल भारत और UAE के रिश्तों को मजबूती देता है, बल्कि दक्षिण एशिया और मध्य पूर्व में सामरिक संतुलन पर भी असर डाल सकता है.

सैकड़ों भारतीय परिवारों के लिए राहत

इस निर्णय से सैकड़ों भारतीय परिवारों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है. लंबे समय से जेलों में बंद भारतीय नागरिक अब अपने घरवालों से मिल पाएंगे, जिससे दोनों देशों के बीच मानवीय और कूटनीतिक रिश्तों की गहराई भी उजागर होती है.

कुल मिलाकर, MBZ का यह दिल्ली दौरा और जेलों से भारतीय नागरिकों की रिहाई न केवल भारत और UAE के द्विपक्षीय संबंधों की पुष्टि करता है, बल्कि यह भी दिखाता है कि दोनों देश सुरक्षा, अर्थव्यवस्था और मानवीय मामलों में एक-दूसरे के भरोसेमंद सहयोगी हैं.

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