'साइन करो नहीं तो जेल जाओगे...' ट्रंप ने जेलेंस्की को दिया अल्टीमेटम, क्या है 28 पॉइंट का पीस प्लान?

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में यूक्रेन और रूस के बीच जारी संघर्ष को समाप्त करने के लिए यूक्रेन के राष्ट्रपति वोल्दोमीर जेलेंस्की को एक कड़ा अल्टीमेटम दिया है.

Ultimatum to Zelensky regarding Trumps peace plan
Image Source: Social Media

वॉशिंगटन/कीव: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में यूक्रेन और रूस के बीच जारी संघर्ष को समाप्त करने के लिए यूक्रेन के राष्ट्रपति वोल्दोमीर जेलेंस्की को एक कड़ा अल्टीमेटम दिया है. ट्रंप ने जेलेंस्की को चेतावनी दी है कि अगर वे 27 नवंबर तक अमेरिका द्वारा तैयार 28 पॉइंट के शांति समझौते पर हस्ताक्षर नहीं करते हैं, तो उनके खिलाफ सख्त कदम उठाया जाएगा.

रिपोर्ट्स के अनुसार, ट्रंप ने स्पष्ट किया है कि समझौते पर साइन न करने की स्थिति में जेलेंस्की को सत्ता से हटाया जा सकता है और उसके बाद उन्हें जेल भेजा जा सकता है. अमेरिकी विदेश विभाग के अधिकारियों ने भी यह संदेश सीधे कीव तक पहुंचाया है. ट्रंप के अनुसार यह कदम किसी भी कीमत पर युद्ध को रोकने और क्षेत्र में स्थिरता लाने के उद्देश्य से उठाया गया है.

जेलेंस्की पर बढ़ता दबाव

यूक्रेन के राष्ट्रपति पर पहले से ही राजनीतिक और प्रशासनिक दबाव बना हुआ है. हाल ही में उनके करीबी सहयोगियों और मंत्रियों पर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोप लगे हैं. इनमें से दो मंत्री जेलेंस्की सरकार में थे और उन्हें पद से हटा दिया गया. आरोप यह हैं कि जेलेंस्की ने इन मंत्रियों को लंबे समय तक संरक्षण दिया.

इस मामले के चलते राजनीतिक माहौल में तनाव बढ़ गया है और अमेरिका इस स्थिति का फायदा उठाकर जेलेंस्की पर दबाव बढ़ा रहा है. कैबिनेट में हुई गड़बड़ी और भ्रष्टाचार के आरोपों की आंच सीधे राष्ट्रपति तक पहुंच सकती है.

अमेरिका का 28 पॉइंट शांति प्रस्ताव

अमेरिकी प्रशासन ने रूस और यूक्रेन के बीच संघर्ष समाप्त करने के लिए एक गुप्त शांति योजना तैयार की है. इस योजना की दो प्रमुख बातें इस प्रकार हैं:

युद्ध के बाद की स्थिति: यूक्रेन को सीमित शर्तों के तहत एक संप्रभु राष्ट्र के रूप में मान्यता मिलेगी.

क्षेत्रीय स्थिरता: पिछले तीन दशकों से यूरोप में रूस और यूक्रेन के बीच तनावपूर्ण माहौल को समाप्त किया जाएगा. इसमें रूस द्वारा भविष्य में किसी भी प्रकार के सैन्य आक्रमण पर रोक और NATO के विस्तार को सीमित करना शामिल है.

इस शांति योजना को 28 पॉइंट समझौता के नाम से जाना जाता है. इसमें रूस और यूक्रेन के क्षेत्रीय विवादों का समाधान भी प्रस्तावित है, जिसमें क्रिमिया, डोनेत्स्क और लुहांस्क को रूस के नियंत्रण में मान्यता देने का प्रस्ताव शामिल है.

यूक्रेन की असहमति

हालांकि जेलेंस्की तुर्की जाकर रूस के साथ बातचीत कर चुके हैं और युद्ध को जल्द समाप्त करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन प्रस्तावित शर्तों से यूक्रेन असहज है. विशेष रूप से:

क्रिमिया और पूर्वी यूक्रेन के शहरों का मुद्दा: यूक्रेन की ओर से क्रिमिया, डोनेत्स्क और लुहांस्क को रूस के हिस्से के रूप में अंतरराष्ट्रीय मान्यता देने का प्रस्ताव गंभीर चिंता का कारण है.

खेरसोन और जापोरेजिया की स्थिति: इस शांति समझौते में इन क्षेत्रों को वर्तमान नियंत्रण के आधार पर रूस और यूक्रेन में विभाजित करने का प्रस्ताव रखा गया है. जेलेंस्की इन क्षेत्रों को किसी भी कीमत पर रूस को नहीं छोड़ना चाहते.

इस विवाद ने अमेरिका और यूक्रेन के बीच कूटनीतिक तनाव बढ़ा दिया है और ट्रंप की ओर से अल्टीमेटम को गंभीर चुनौती माना जा रहा है.

ये भी पढ़ें- कौन हैं मैक्सिको की फातिमा बॉश जो बनीं मिस यूनिवर्स? विवाद के बाद मिली सफलता, ये रहे टॉप 5 फाइनलिस्ट