PM मोदी से मिले अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर, बोले- भारत के साथ साझेदारी को देते हैं प्राथमिकता

PM Modi Meet Sergio Gor: भारत और अमेरिका के द्विपक्षीय संबंधों में एक नई कड़ी जुड़ गई है. अमेरिका द्वारा भारत में नियुक्त किए गए नए राजदूत सर्जियो गोर (Sergio Gor) भारत पहुंच चुके हैं और जल्द ही वह आधिकारिक रूप से अपने कर्तव्यों का पालन शुरू करेंगे.

US Ambassador Sergio Gor met PM Modi said relations with India are very important
Image Source: Social Media/X

PM Modi Meet Sergio Gor: भारत और अमेरिका के द्विपक्षीय संबंधों में एक नई कड़ी जुड़ गई है. अमेरिका द्वारा भारत में नियुक्त किए गए नए राजदूत सर्जियो गोर (Sergio Gor) भारत पहुंच चुके हैं और जल्द ही वह आधिकारिक रूप से अपने कर्तव्यों का पालन शुरू करेंगे. नई दिल्ली आगमन के बाद, गोर ने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और विदेश मंत्री एस. जयशंकर से मुलाकात कर द्विपक्षीय रिश्तों के विभिन्न पहलुओं पर बातचीत की.

यह नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब भारत और अमेरिका के बीच व्यापारिक संबंधों में कुछ खटास आई है, विशेषकर अमेरिकी प्रशासन द्वारा कुछ आयातों पर उच्च टैरिफ लगाए जाने के बाद. बावजूद इसके, दोनों देशों के नेताओं की हालिया बातचीत और राजनयिक संपर्क यह संकेत देते हैं कि दोनों ही पक्ष रणनीतिक साझेदारी को मजबूत बनाए रखने के इच्छुक हैं.

पीएम मोदी और सर्जियो गोर की मुलाकात

नई दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात के बाद सर्जियो गोर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी साझा करते हुए कहा कि बातचीत बेहद सकारात्मक और रचनात्मक रही. उन्होंने कहा, “प्रधानमंत्री मोदी के साथ मुलाकात अद्भुत रही. हमने रक्षा, व्यापार और तकनीकी सहयोग जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा की. इसके अलावा महत्वपूर्ण खनिजों की भूमिका पर भी बात हुई.”

गोर ने यह भी कहा कि अमेरिका, भारत के साथ अपने रिश्तों को अत्यधिक महत्व देता है और यह साझेदारी लोकतंत्र, विकास और वैश्विक स्थिरता के लिहाज से महत्वपूर्ण है. प्रधानमंत्री मोदी ने भी अपने सोशल मीडिया पोस्ट में गोर से हुई मुलाकात का जिक्र करते हुए लिखा, “भारत में अमेरिका के नामित राजदूत सर्जियो गोर का स्वागत करते हुए खुशी हुई. मुझे विश्वास है कि उनके कार्यकाल के दौरान भारत-अमेरिका साझेदारी और भी अधिक मजबूत होगी.”

विदेश मंत्री जयशंकर और विदेश सचिव से भी हुई मुलाकात

सर्जियो गोर ने अपने दौरे के दौरान विदेश मंत्री डॉ. एस जयशंकर से भी मुलाकात की. दोनों के बीच हुई बातचीत में रणनीतिक, आर्थिक और वैश्विक सहयोग जैसे विभिन्न पहलुओं पर विचार-विमर्श हुआ. जयशंकर ने गोर को भारत में नई भूमिका के लिए शुभकामनाएं दीं.

जयशंकर ने X पर लिखा, “आज अमेरिका के भारत में नामित राजदूत सर्जियो गोर से मिलकर प्रसन्नता हुई. हमारे बीच भारत-अमेरिका संबंधों और उनके वैश्विक महत्व को लेकर विस्तृत चर्चा हुई.” इसके अलावा, विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने भी गोर से मुलाकात की और उन्हें भारत में कार्यकाल के लिए शुभकामनाएं दीं.

ट्रंप प्रशासन की नीतियों के बीच राजनयिक संबंधों की मजबूती

गोर की नियुक्ति राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के प्रशासन के समय हुई थी. उन्होंने सार्वजनिक रूप से यह कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ट्रंप एक “महान और व्यक्तिगत मित्र” मानते हैं. हालांकि, ट्रंप प्रशासन की कुछ नीतियों, विशेषकर भारतीय उत्पादों पर 50 प्रतिशत तक के टैरिफ लगाए जाने से दोनों देशों के बीच व्यापारिक तनाव बढ़ा है. बावजूद इसके, राजनयिक स्तर पर संबंधों को मजबूत बनाए रखने की कोशिशें जारी हैं.

गोर की टिप्पणी और भारत में सक्रिय कार्यक्रम इस बात का संकेत हैं कि दोनों देश अपने द्विपक्षीय संबंधों को केवल व्यापार तक सीमित नहीं रखना चाहते, बल्कि रणनीतिक और तकनीकी सहयोग जैसे क्षेत्रों में भी आगे बढ़ना चाहते हैं.

मोदी-ट्रंप की हालिया बातचीत

गौरतलब है कि भारत के प्रधानमंत्री और अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच हाल के दिनों में दो बार टेलीफोन पर बातचीत हो चुकी है. ताज़ा बातचीत में प्रधानमंत्री मोदी ने गाज़ा संघर्ष के समाधान के लिए अमेरिका द्वारा प्रस्तावित शांति योजना के पहले चरण की सफलता पर ट्रंप को बधाई दी थी. साथ ही, भारत और अमेरिका के बीच जारी व्यापार वार्ताओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई थी. यह संवाद बताता है कि भले ही दोनों देश कुछ मुद्दों पर असहमत हों, लेकिन उच्च स्तर पर संवाद और कूटनीतिक संवाद की प्रक्रिया लगातार चल रही है.

सर्जियो गोर: कौन हैं अमेरिका के नए राजदूत?

सर्जियो गोर एक अनुभवी अमेरिकी राजनीतिक सलाहकार और रणनीतिकार हैं. वे लंबे समय से अमेरिकी रिपब्लिकन पार्टी से जुड़े रहे हैं और सीनेट में भी कई वर्षों तक कार्य कर चुके हैं.

गोर को राष्ट्रपति ट्रंप के निकट सहयोगियों में गिना जाता है और उन्हें कूटनीतिक मामलों की अच्छी समझ के लिए जाना जाता है. भारत में उनका कार्यकाल ऐसे समय शुरू हो रहा है जब वैश्विक राजनीति में कई बदलाव हो रहे हैं और भारत की भूमिका इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में लगातार बढ़ रही है.

भारत-अमेरिका संबंध, एक रणनीतिक साझेदारी

भारत और अमेरिका के बीच बीते दो दशकों में संबंध लगातार मजबूत हुए हैं. रक्षा, विज्ञान, शिक्षा, जलवायु, स्वास्थ्य, तकनीक और व्यापार जैसे क्षेत्रों में दोनों देशों के बीच कई महत्वपूर्ण समझौते हुए हैं.

हाल ही में हुए QUAD (क्वाड) सम्मेलनों, आई-2यू-2 समूह, और टेक्नोलॉजी ट्रांसफर कार्यक्रमों में भारत की सक्रिय भागीदारी बताती है कि अमेरिका के लिए भारत अब केवल एक क्षेत्रीय साझेदार नहीं, बल्कि वैश्विक रणनीतिक सहयोगी बन चुका है.

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