नॉर्थ कोरिया में चावल और पैसे की सप्लाई कर रहे थे अमेरिकी, साउथ कोरिया ने 6 लोगों को पकड़ा, पढ़ें इनसाइड स्टोरी

दक्षिण कोरियाई पुलिस ने एक ऐसी घटना का खुलासा किया है, जिसमें छह अमेरिकी नागरिकों को चावल, डॉलर और बाइबल के पन्नों से भरी 1300 प्लास्टिक की बोतलें उत्तर कोरिया भेजने की कोशिश करते हुए गिरफ्तार किया गया.

us citizens supply cash and rice to north korea arrested in south korea
Image Source: Social Media

सियोल: दुनिया के सबसे रहस्यमयी और सख्त नियमों वाले देश उत्तर कोरिया को लेकर अक्सर चौंकाने वाली घटनाएं सामने आती रहती हैं. हाल ही में दक्षिण कोरियाई पुलिस ने एक ऐसी घटना का खुलासा किया है, जिसमें छह अमेरिकी नागरिकों को चावल, डॉलर और बाइबल के पन्नों से भरी 1300 प्लास्टिक की बोतलें उत्तर कोरिया भेजने की कोशिश करते हुए गिरफ्तार किया गया. यह मामला ना केवल सुरक्षा का उल्लंघन है, बल्कि कोरियाई प्रायद्वीप की संवेदनशील राजनीति को भी झकझोरने वाला है.

कैसे हुआ खुलासा?

दक्षिण कोरिया के इंचियोन गंगवा पुलिस स्टेशन के अनुसार, अमेरिकी नागरिकों का यह समूह सियोल के पश्चिमी छोर पर एक सीमावर्ती द्वीप से समुद्र के जरिए बोतलों को उत्तर कोरिया भेजने की तैयारी में था. लेकिन इस दौरान सैन्य गश्ती दल ने उन्हें रंगे हाथ पकड़ लिया. उनके पास से वे सभी प्लास्टिक की बोतलें भी बरामद कर ली गईं, जिनमें चावल, डॉलर और बाइबिल के पन्ने भरे हुए थे.

कौन-कौन हैं आरोपी और क्या हैं आरोप?

अधिकारियों ने बताया कि ये अमेरिकी नागरिक दुभाषिए के जरिए पूछताछ में सहयोग कर रहे हैं. उन पर दक्षिण कोरिया के ‘आपदा और सुरक्षा अधिनियम’ के उल्लंघन का आरोप लगाया गया है. यह अधिनियम उन गतिविधियों पर रोक लगाता है, जो देश की सुरक्षा या सामाजिक स्थिरता के लिए खतरनाक मानी जाती हैं. पुलिस का कहना है कि वे 48 घंटे की पूछताछ के बाद तय करेंगे कि इन अमेरिकी नागरिकों को रिहा किया जाएगा या नहीं.

दक्षिण कोरिया की नरम होती नीति

इस घटना के बीच, दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे म्युंग द्वारा उत्तर कोरिया के साथ रिश्तों को सुधारने के प्रयास किए जा रहे हैं. उन्होंने सीमा पर लाउडस्पीकर प्रसारण बंद करवाया और नागरिकों से प्रोपेगेंडा वाले गुब्बारे छोड़ने से परहेज करने की अपील की. यह कदम दोनों देशों के बीच लंबे समय से चल रहे तनाव को कम करने की दिशा में उठाया गया है.

मिशनरी या उकसाने की कोशिश?

बताया जा रहा है कि जिन लोगों को पकड़ा गया है, वे संभवतः ईसाई मिशनरी या उत्तर कोरिया से भागे हुए लोगों के समूह से जुड़े हो सकते हैं. यह कोई नई बात नहीं है. इससे पहले भी कई बार यूएसबी स्टिक, बाइबिल और पर्चों के जरिए उत्तर कोरिया में जानकारी पहुंचाने की कोशिशें की गई हैं. हालांकि, उत्तर कोरिया ऐसी कोशिशों को दुश्मनी की तरह देखता है.

ये भी पढ़ें: 'IDF पूरे इलाके में भारी हमले करेगी...' इजरायली सेना ने फिलिस्तीनियों को दी चेतावनी, फिर भड़केगी जंग?