Delcy Rodriguez: वेनेजुएला में अचानक बदले राजनीतिक हालात के बीच सुप्रीम कोर्ट के संवैधानिक चैंबर ने बड़ा फैसला सुनाया है. राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की अनुपस्थिति को देखते हुए देश की उपराष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिग्ज को कार्यवाहक राष्ट्रपति की जिम्मेदारी सौंप दी गई है. यह आदेश ऐसे समय आया है, जब शनिवार तड़के अमेरिकी बलों द्वारा किए गए एक विशेष ऑपरेशन में मादुरो को हिरासत में लिए जाने की खबरों ने पूरे देश और अंतरराष्ट्रीय समुदाय को हिला कर रख दिया है.
अदालत ने अपने निर्देश में कहा कि डेल्सी रोड्रिग्ज को बोलिवेरियन रिपब्लिक ऑफ वेनेजुएला के राष्ट्रपति पद का दायित्व सौंपा जाता है, ताकि शासन व्यवस्था में कोई रुकावट न आए और देश की संप्रभुता तथा सुरक्षा बनी रहे. कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि वह आगे इस मामले पर विचार करेगा और यह तय करेगा कि जब राष्ट्रपति जबरन अनुपस्थित हों, तब संविधान और कानून के तहत सरकार कैसे चलाई जाए. अदालत के अनुसार, यह कदम राज्य की निरंतरता और राष्ट्रीय हितों की रक्षा के लिए जरूरी है.
ट्रंप का बयान और अमेरिका की भूमिका
राष्ट्रपति मादुरो के पकड़े जाने के बाद अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फ्लोरिडा स्थित अपने निवास ‘मार-ए-लागो’ में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा था कि डेल्सी रोड्रिग्ज कार्यवाहक राष्ट्रपति के तौर पर जिम्मेदारी संभालेंगी. ट्रंप ने यह भी दावा किया कि निकट भविष्य में अमेरिका वेनेजुएला के प्रशासनिक मामलों को “मैनेज” करेगा और रोड्रिग्ज देश को “फिर से महान” बनाने के लिए हर जरूरी कदम उठाने को तैयार हैं. इस बयान ने वेनेजुएला की संप्रभुता को लेकर नई बहस छेड़ दी है.
डेल्सी रोड्रिग्ज: परिवार, विचारधारा और सत्ता तक का सफर
18 मई 1969 को काराकस में जन्मीं 56 वर्षीय डेल्सी रोड्रिग्ज का राजनीतिक सफर संघर्ष और विचारधारा से गहराई से जुड़ा रहा है. वह वामपंथी गुरिल्ला नेता जॉर्ज एंटोनियो रोड्रिग्ज की बेटी हैं, जिन्होंने 1970 के दशक में क्रांतिकारी ‘लीगा सोशलिस्टा’ पार्टी की स्थापना की थी. डेल्सी लंबे समय से मादुरो सरकार की मजबूत समर्थक रही हैं. खुद मादुरो उन्हें सरकार की “शेरनी” कहकर संबोधित कर चुके हैं.
वह अपने भाई जॉर्ज रोड्रिग्ज—जो वेनेजुएला की नेशनल असेंबली के प्रमुख हैं—के साथ मिलकर सत्ता के केंद्र में सक्रिय भूमिका निभाती रही हैं. बीते एक दशक में उन्होंने सरकार के कई अहम पदों पर काम किया है.
सरकार में अहम भूमिकाएं और बढ़ता कद
डेल्सी रोड्रिग्ज 2013–14 के बीच संचार एवं सूचना मंत्री रहीं, फिर 2014 से 2017 तक विदेश मंत्री की जिम्मेदारी संभाली. इसके बाद उन्होंने सरकार समर्थक संविधान सभा का नेतृत्व किया, जिसने मादुरो की शक्तियों को और विस्तार दिया. जून 2018 में उन्हें देश का उपराष्ट्रपति बनाया गया. उस समय मादुरो ने उनकी तारीफ करते हुए कहा था कि वह “बहादुर, अनुभवी, एक शहीद की बेटी और हजारों लड़ाइयों में परखी हुई क्रांतिकारी” हैं.अगस्त 2024 में उन्हें तेल मंत्रालय की अतिरिक्त जिम्मेदारी भी दी गई, जहां उन्होंने अमेरिकी प्रतिबंधों के बीच वेनेजुएला के सबसे अहम उद्योग को संभालने की चुनौती स्वीकार की.
आर्थिक संकट में केंद्रीय चेहरा
डेल्सी रोड्रिग्ज एक समय में उपराष्ट्रपति, वित्त मंत्री और तेल मंत्री जैसे ताकतवर पदों पर रह चुकी हैं. इससे वह देश की जूझती अर्थव्यवस्था की सबसे प्रभावशाली चेहरों में शुमार हो गईं. उन्होंने हाइपरइन्फ्लेशन से निपटने के लिए अपेक्षाकृत व्यावहारिक आर्थिक नीतियां अपनाईं और निजी क्षेत्र के साथ सरकार के रिश्तों को नया आकार देने की कोशिश की. पेशे से वकील रोड्रिग्ज ने वेनेजुएला की सेंट्रल यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की है और अपने सधे हुए, आधुनिक राजनीतिक अंदाज के लिए जानी जाती हैं.
मौजूदा संकट में सख्त रुख
ताजा राजनीतिक उथल-पुथल के बीच डेल्सी रोड्रिग्ज ने एक ऑडियो संदेश जारी कर अमेरिका से मांग की है कि वह निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोर्स के जीवित होने का सबूत सार्वजनिक करे. इस बयान से साफ है कि कार्यवाहक राष्ट्रपति के तौर पर वह न सिर्फ प्रशासन संभालेंगी, बल्कि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी वेनेजुएला की आवाज बुलंद करने की कोशिश करेंगी.
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